कक्षा 10 संस्कृत (मणिका) पाठ 5 – श्लोक 7 आधारित 5 अंकों के प्रश्न
CBSE कक्षा 10 संस्कृत (मणिका) पाठ 5 "अभ्यासवशगं मनः" के श्लोक 7 पर आधारित 5 अंकों का अभ्यास। एकपदेन, पूर्णवाक्येन तथा निर्देशानुसार प्रश्न एवं उत्तरमाला सहित परीक्षा-उपयोगी सामग्री।
By SanskritLearn
कक्षा 10 संस्कृत (मणिका) पाठः ५ – अभ्यासवशगं मनः श्लोकः ७ आधारित अभ्यासः (5 अंक)
श्लोकः—
चञ्चलं हि मनः कृष्ण प्रमाथि बलवद्दृढम्। तस्याहं निग्रहं मन्ये वायोरिव सुदुष्करम्॥
(अ) एकपदेन उत्तरत। (½ × 2 = 1)
१. मनः कीदृशम् अस्ति?
२. मनसः निग्रहः कस्य इव सुदुष्करः अस्ति?
(आ) पूर्णवाक्येन उत्तरत। (1 × 2 = 2)
१. अर्जुनः मनसः निग्रहं कथं मन्यते?
२. अर्जुनेन मनसः कानि विशेषणानि उक्तानि?
(इ) निर्देशानुसारम् उत्तरत। (1 × 2 = 2)
१. 'दृढम्' इति पदस्य विलोमपदं लिखत।
२. 'मनः' इति पदस्य श्लोकात् द्वे विशेषणपदे चित्वा लिखत।
उत्तरमाला (अ) एकपदेन
१. चञ्चलम्।
२. वायोः।
(आ) पूर्णवाक्येन
१. अर्जुनः मनसः निग्रहं वायोः निग्रहवत् सुदुष्करं मन्यते।
२. अर्जुनेन मनसः चञ्चलम्, प्रमाथि, बलवत्, दृढम् इति विशेषणानि उक्तानि।
(इ) निर्देशानुसारम्
१. अदृढम्। (परीक्षोपयोगी विलोम)
२. चञ्चलम्, प्रमाथि। (अन्ये उत्तराः अपि ग्राह्याः—बलवत्, दृढम्।)